संदेश न्यूज़ 24 गोरखपुर जलकल दफ्तर में घुसकर सहायक अभियंता सौरभ कुमार पर ठेकेदार ने पिस्टल तान दी। आरोप है कि इस दौरान ठेकेदार ने जान से मारने की धमकी भी दी। 29 अक्तूबर को हुई इस घटना की सोमवार को नगर निगम और जलकल के अवर अभियंताओं के एक प्रतिनिधिमंडल ने एसएसपी से मुलाकात कर जानकारी दी।एसएसपी के आदेश पर कैंट पुलिस ने सरकारी काम में बाधा डालने, धमकी देने की धाराओं में ठेकेदार शिवदयाल पांडेय पर केस दर्ज कर लिया। पुलिस मामले की जांच कर रही है। उधर, ठेकेदार ने मामला लेनदेन का बताते हुए आरोप को गलत ठहराया।
अवर अभियंता ने तहरीर में लिखा है कि 29 अक्तूबर को छठ घाट पर तैयारी का काम चल रहा था। इसी दौरान ठेकेदार शिवदयाल पांडेय अवर अभियंता धीरज कुमार से विवाद कर रहे थे। कहासुनी होती देख मैं भी उस ओर गया और शांत कराया। फिर शाम करीब साढ़े पांच बजे के करीब महाप्रबंधक के चेंबर में मौजूद था। इस दौरान अचानक बिजली चली गई।
ठेकेदार अंदर घुसे और नियम विरुद्ध तरीके से एक काम को देने का दबाव बनाने लगे। मना करने पर ठेकेदार गाली देने लगे और पिस्टल तान कर जान से मारने की धमकी दी। शोर सुनकर कर्मचारी दौड़े और बीच-बचाव करने लगे। आरोप है कि बाहर निकलते समय भी ठेकेदार ने धमकी दी।
इसके बाद सोमवार को अवर अभियंता सौरभ ने अपने साथियों को घटना की जानकारी दी। सभी अवर अभियंता जलकल में जुट गए और फिर एसएसपी से जाकर मुलाकात की। प्रार्थनापत्र देकर कार्रवाई की मांग की। कैंट पुलिस ने तहरीर के आधार पर केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है। प्रभारी निरीक्षक कैंट शशिभूषण राय ने बताया कि तहरीर के आधार पर सरकारी काम में बाधा डालने और धमकी देने का केस दर्ज कर जांच की जा रही है। जांच व साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
आरोपी ठेकेदार शिवदयाल पांडेय ने कहा कि मैंने एक काम के लिए अवर अभियंता को रुपये दिए थे। काम नहीं मिलने पर सोमवार को उनके दफ्तर जाकर रुपये वापस मांगे तो वह फर्जी मामले में मुझे फंसा रहे हैं। धमकी और गाली देने की बात पूरी तरह से गलत है।




