संदेश न्यूज़ 24
देवरिया, . बरहज तहसील में तैनात लेखपाल/ प्रभारी राजस्व निरीक्षक को घूस लेते हुए मंगलवार को गोरखपुर की एंटी करप्शन की टीम ने दबोच लिया.राजस्व निरीक्षक को एंटी करप्शन की टीम देवरिया सदर कोतवाली पहुंची. यहां उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया.
खुखुन्दू थाना क्षेत्र के मरहवा के रहने वाले शत्रुघ्न कुशवाहा पुत्र राजनाथ कुशवाहा ने वर्ष 1996 में एसडीएम कोर्ट के आदेश पर धारा 24 के तहत खेत में पत्थर गड़वाया गया था. आरोप है कि पिछले दिनों गांव के एक व्यक्ति ने पत्थर उखाड़ कर उनकी कुछ भूमि पर कब्जा कर लिया था. अपनी भूमि से कब्जा हटाने की मांग को लेकर शत्रुध्न ने 20 अगस्त को बरहज तहसील में आयोजित समाधान दिवस में सीडीओ को पत्र दिया था. सीडीओ ने राजस्व निरीक्षक को जांच कर पीड़ित की भूमि से कब्जा हटवाने का निर्देश दिया था. शत्रुघ्न का आरोप है कि प्रार्थना पत्र मरहवा के प्रभारी राजस्व निरीक्षक अशोक कुमार पाण्डेय के पास गया तो वे पहले तो पैमाइश में आनाकानी करने लगे फिर टीम के साथ मौके पर जाने के लिए पांच हजार रुपए घूस की मांग किया. उन्होंने अपनी गरीबी का हवाला दिया, इसके बाद भी राजस्व निरीक्षक तैयार नहीं हुए. इस पर पीड़ित ने रुपए देने के लिए हामी भर दिया.
शत्रुध्न ने को गोरखपुर एंटी करप्शन के कार्यालय जाकर राजस्व निरीक्षक द्वारा रुपए मांगने की शिकायत किया. मंगलवार को गोरखपुर एंटी करप्शन की टीम देवरिया पहुंची और जिलाधिकारी को इसके बारे में जानकारी दी. टीम की मांग पर दो अधिकारियों को गवाही के लिए उनके साथ भेज दिया. टीम के सदस्यों ने पीड़ित को तहसील पर बुलवा कर टीम के सदस्य तहसील गेट के समीप एक चाय की दुकान पर शत्रुध्न को बैठाकर उससे रुपए देने की बात कहलवाते हुए वहीं पर राजस्व निरीक्षक को बुलवाया. राजस्व निरीक्षक अशोक कुमार कुछ ही देर में वहां पर पहुंच गए. इसके बाद किसान ने जैसे ही पांच हजार रुपए दिया दुकान पर बैठी एंटी करप्शन की टीम ने राजस्व निरीक्षक को दबोच लिया. इसकी जानकारी होने पर बरहज तहसील के लेखपाल और अन्य राजस्वकर्मी आक्रोश जताने लगे.
पैमाइश के लिए घूस लेने वाले राजस्व निरीक्षक अशोक कुमार पाण्डेय को गोरखपुर की एंटी करप्शन की टीम के द्वारा गिरफ्तार किए जाने की जानकारी जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह को हुई तो उन्होंने इसे गंभीरता से लेते हुए लेखपाल/राजस्व निरीक्षक अशोक कुमार पांडेय को तत्काल प्रभाव से निलम्बित कर दिया. इस प्रकरण की जांच बरहज के तहसीलदार को सौंपी गई है. जो 15 दिन के भीतर मामले की जांच कर अपनी रिपोर्ट सौंपेंगे.
उदय प्रताप सिंह, प्रभारी निरीक्षक एंटी करप्शन गोरखपुर ने बताया कि शुत्रुध्न कुशवाहा ने राजस्व निरीक्षक द्वारा रुपए मांगने की शिकायत किया था. इस पर मंगलवार को बरहज तहसील गेट के समीप से राजस्व निरीक्षक को गिरफ्तार किया गया है. उनके विरुद्ध मुकदमा दर्ज करा कर विधिक कार्रवाई की जा रही है.




